सागर/दमोह। राजस्व प्रकरणों के निराकरण में कथित अनियमितताएं और शासकीय भूमि पर अतिक्रमण से जुड़े मामलों में लापरवाही दमोह जिले के तहसीलदार रोबिन जैन पर भारी पड़ी। सागर संभागायुक्त ने उन्हें निलंबित करने के आदेश जारी किए हैं। यह कार्रवाई राजस्व मामलों में निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन नहीं करने और प्रशासनिक कार्यवाहियों में कथित त्रुटियों के आरोपों के चलते की गई है।
9 अक्टूबर को जारी संभागायुक्त कार्यालय से 9 अक्टूबर 2026 को जारी आदेश के अनुसार, दमोह जिले की तहसील दमयंती नगर में पदस्थ तहसीलदार रोबिन जैन के कार्यकाल से जुड़े विभिन्न राजस्व प्रकरणों में नामांतरण, अतिक्रमण और अन्य प्रशासनिक कार्यवाहियों के दौरान प्रक्रियागत त्रुटियों तथा कथित लापरवाही का उल्लेख किया गया है। मामलों के निराकरण में निर्धारित नियमों और प्रक्रियाओं के पालन को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं।
कलेक्टर कार्यालय में रहेगा मुख्यालय
तहसीलदार रोबिन जैन के खिलाफ मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1965 के तहत निलंबन की कार्रवाई की गई है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय कलेक्टर कार्यालय, दमोह निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा।
राजस्व व्यवस्था में जवाबदेही पर जोर
राजस्व प्रकरणों में नामांतरण और शासकीय भूमि से जुड़े मामलों का समय पर तथा नियमानुसार निराकरण प्रशासन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। ऐसे मामलों में प्रक्रियागत त्रुटियों और लापरवाही के आरोपों पर की गई कार्रवाई को राजस्व प्रशासन में जवाबदेही के नजरिए से देखा जा रहा है।









