सागर/बंडा। जहरीली शराब कांड के बाद पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह शनिवार को बंडा पहुंचे और पीड़ित परिवारों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। इसके बाद जिला कांग्रेस कार्यालय में ग्रामीण कांग्रेस की बैठक में उन्होंने प्रशासन और सरकार पर तीखे सवाल उठाए।
दिग्विजय सिंह ने आरोप लगाया कि 5, 6 और 7 सितंबर से पहले रक्षाबंधन के आसपास भी जहरीली शराब से कई मौतें हुईं, लेकिन पोस्टमार्टम और एफआईआर नहीं होने से ये मौतें सरकारी आंकड़ों में शामिल नहीं हैं। उन्होंने ऐसी सभी मौतों की जांच कर परिवारों को मुआवजा देने की मांग की।
उन्होंने कहा कि अलग-अलग घटनाओं को 2-3 एफआईआर में समेटकर मामले को कमजोर नहीं किया जाना चाहिए। शराब बनाने वालों के साथ गांव-गांव जहरीली शराब पहुंचाने वाले अवैध विक्रेताओं की भी तत्काल गिरफ्तारी हो।
अनाथ बच्चों की पढ़ाई और परिवारों के राशन की जिम्मेदारी ले सरकार
दिग्विजय सिंह ने संबल योजना से बाहर रह गए पीड़ित परिवारों को भी ₹4 लाख मुआवजा देने, अनाथ बच्चों की पढ़ाई और पीड़ित परिवारों के राशन की जिम्मेदारी सरकार द्वारा उठाने की मांग की। उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से गांव-गांव पहुंचकर पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने का आह्वान किया।







