‘मंदिर में कोई भी भक्त VIP नहीं ‘, मैहर मंदिर प्रशासन पर उपभोक्ता आयोग ने लगाया 55 हजार का जुर्माना

भोपाल ब्यूरो 

मैहर में मां शारदा के दर्शन करने आए एक परिवार को माई के दर्शन में देरी हो गई। देरी की वजह मंदिर में वीआईपियों का प्रवेश बताया गया है। लिहाजा नाराज परिवार ने इसकी जिला उपभोक्ता आयोग भोपाल में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद आयोग ने फैसला सुनाया और शारदा प्रबंधन और रोपवे कंपनी पर 55 हजार का हर्जाना लगाया है। आयोग ने माना कि सेवा में कमी की गई थी और मंदिर में सभी भक्तों को समान रूप से दर्शन कराने का नियम होना चाहिए। लिहाजा भोपाल जिला उपभोक्ता आयोग ने परिवार के हक में अहम फैसला सुनाया है। हालांकि इस पूरे मामले में मैहर कलेक्टर रानी बाटड और अपर कलेक्टर शैलेंद्र सिंह से संपर्क करने का प्रयास किया पर दोनों आला अधिकारियों ने फोन रिसीव नहीं किए।
दरअसल मामला तो पुराना है और इसकी शिकायत साल 2022 में की गई थी, जिसकी तीन सदस्यीय आयोग टीम ने सुनवाई की है। जानकारी में आया है कि वीआईपी दर्शन की वजह से भोपाल के एक परिवार को मैहर में शारदा माता मंदिर में माई के दर्शन नहीं हो पाए थे, जबकि लगातार वीआईपी दर्शन हो रहे थे, उन्होंने इसका विरोध किया तो कर्मचारियों ने उन्हें अपमानित किया। बताया गया कि दर्शनार्थी परिवार ने मंदिर प्रबंधन की ओर से तय शुल्क देकर वाहन पार्किंग की थी। रोपवे का शुल्क दिया था। अब भोपाल के जिला उपभोक्ता आयोग ने इसे सेवा में कमी मानते हुए मंदिर प्रबंधन और रोपवे का संचालन करने वाली कंपनी को इस परिवार के लिए 55 हजार रुपये का हर्जाना अदा करने का निर्णय दिया है।

आयोग के निर्णय के बाद जानकारी में आया कि भोपाल के ललित कुमार गुप्ता पत्नी, बच्चों और अन्य परिजनों के साथ साल 2021 में मैहर में मां शारदा देवी के दर्शन करने गए थे। वहां उन्होंने 50 रुपये पार्किंग शुल्क दिया। मंदिर तक जाने के लिए रोपवे के लिए पांच टिकटों के लिए 130 रुपये प्रति टिकट की दर से 650 रुपये का भुगतान किया। उनका समूह लाइन में लगा रहा, लेकिन उनको दो घंटों के बाद भी दर्शन नहीं हो पाए।

और पढ़ें

Rashifal

और पढ़ें

error: Content is protected !!