नई दिल्ली. ईरान से जुड़े युद्ध जैसे हालात के बीच जहां पहले से ही एलपीजी संकट देखने को मिल रहा है, वहीं दूसरी ओर तेल कंपनियों ने शुक्रवार को प्रीमियम पेट्रोल के दाम बढ़ा दिए हैं. जबकि औद्योगिक उपयोगकर्ताओं को बेचे जाने वाला थोक डीजल लगभग 22 रुपये प्रति लीटर महंगा हो गया है.
20 मार्च शुक्रवार को तेल विपणन कंपनियों ने एक बड़ा कदम उठाते हुए प्रीमियम पेट्रोल के दामों में बढ़ोतरी कर दी है. रिपोर्ट के मुताबिक, इस ईंधन पर प्रति लीटर 2 रुपये से लेकर 2.35 रुपये तक का इजाफा किया गया है. बीपीसीएल के स्पीड, एचपीसीएल के पॉवर और आईओसीएल के एक्सपी95 की कीमतें 2.09 रुपये से 2.35 रुपये प्रति लीटर तक बढ़ गई हैं.
प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में दो रुपये से अधिक की बढ़ोतरी के बाद उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में अब इसकी कीमत 103.92 रुपये प्रति लीटर हो गई है. वहीं, पुणे में प्रीमियम पेट्रोल की कीमत 113.77 रुपये हो गई है. वैश्विक स्तर पर ईरान में चल रहे संघर्ष की वजह से कच्चे तेल की कीमतें 119 डॉलर प्रति बैरल के पार जा चुकी हैं.
इन ब्रांड्स पर पड़ा सीधा असर
रिपोर्ट के अनुसार, इस मूल्य वृद्धि का असर मुख्य रूप से इन्हीं हाई-ग्रेड ब्रांडेड फ्यूल्स पर पड़ा है. इनमें हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल) का पावर पेट्रोल और इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसी) का एक्सपी95 जैसे प्रमुख नाम शामिल हैं. इस बढ़ोतरी के बाद, महीने भर के ईंधन का खर्च यकीनन थोड़ा बढ़ जाएगा.
सामान्य पेट्रोल के दाम में कोई बदलाव नहीं
बता दें कि यह मूल्य वृद्धि केवल उच्च गुणवत्ता वाले प्रीमियम पेट्रोल तक ही सीमित रखी गई है. अगर आप अपने रोज़मर्रा के सफर के लिए अपनी गाड़ी में सामान्य (रेगुलर) पेट्रोल भरवाते हैं, तो आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है. ओएमसी ने साफ किया है कि रेगुलर पेट्रोल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है.










