नई दिल्ली. केंद्रीय मंत्रीमंडल ने 2025-26 से 2028-29 तक 4 साल की अवधि के लिए 2000 करोड़ रुपये के परिव्यय के साथ केंद्रीय क्षेत्र योजना राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम को अनुदान सहायता की मंजूरी दी है. वहीं इटारसी व नागपुर के बीच चौथी रेल लाइन को भी स्वीकृति दी गई है. केंद्रीय सूचना व प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कैबिनेट के इस फैसले की जानकारी दी है.
सरकार की ओर से बताया गया है कि वर्ष 2025-26 से 2028-29 तक 4 वर्षों की अवधि के लिए अनुदान सहायता पर 2000 करोड़ रुपये का परिव्यय किया जाएगा. एनसीडीसी चार वर्षों की अवधि में खुले बाजार से 20,000 करोड़ रुपये जुटा सकेगी. एनसीडीसी की ओर से नई परियोजनाओं की स्थापना/संयंत्रों के विस्तार, सहकारी समितियों को ऋण देने और कार्यशील पूंजी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए ऋण देने हेतु निधियों का उपयोग किया जाएगा.
इटारसी-नागपुर के बीच चौथी रेलवे लाइन बनेगी
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कैबिनेट ब्रीफिंग को संबोधित करते हुए इटारसी-नागपुर के बीच चौथी रेलवे लाइन की भी जानकारी दी. उन्होंने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इटारसी और नागपुर के बीच चौथी लाइन को मंजूरी दे दी है. इसका निर्माण दिल्ली और चेन्नई के साथ-साथ मुंबई और हावड़ा को जोडऩे वाले उच्च-घनत्व वाले गलियारे पर किया जाएगा. यह चारों दिशाओं का मिलन बिंदु है.
सरकार की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, कैबिनेट ने महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल, बिहार, ओडिशा और झारखंड राज्यों के 13 जिलों को कवर करने वाली चार मल्टीट्रैकिंग परियोजनाओं को मंजूरी दी है. इसमें भारतीय रेलवे का मौजूदा नेटवर्क लगभग 574 किलोमीटर बढ़ जाएगा. इस परियोजना की लागत करीब 11169 करोड़ रुपये आएगी.
डेयरी, पशुधन, चीनी व खाद्य प्रसंस्करण से जुड़े उद्यमों को मिलेगा लाभ
सरकार ने बताया है कि इस कदम से देश भर में डेयरी, पशुधन, मत्स्य पालन, चीनी, कपड़ा, खाद्य प्रसंस्करण, भंडारण और कोल्ड स्टोरेज जैसे विभिन्न क्षेत्रों की 13,288 सहकारी समितियों के 2.9 करोड़ सदस्यों; श्रम और महिलाओं के नेतृत्व वाली सहकारी समितियों को लाभ मिलेगा.











